भदोही। निजी स्कूलों की फीस पर लगाम लगाने वाला विधेयक भले ही विधानसभा में पास हो गया हो लेकिन प्राइवेट स्कूलों की मनमानी नही रुक रही। नगर में कुछ ऐसे स्कूल है जो बेहतर शिक्षा के नाम पर अभिभावकों से सालाना बीस हजार रुपए से भी अधिक की फीस वसूली कर रहे है। इसके साथ ही इन प्राइवेट स्कूलों द्वारा वहां पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों के नाम पर धन उगाही की जा रही है।
प्राइवेट स्कूलों पर फीस नियंत्रण वाला विधेयक यूपी स्ववित्त पोषित स्वतंत्र विद्यालय (शुल्क विनिमय) विधेयक-2018 विधानसभा में पास हो गया। यह विधेयक प्राइवेट स्कूलों की मनमानी फीस वृद्धि पर लगाम लगाने के लिए लाया गया। ऐसे स्कूलों द्वारा मनमानी फीस बढ़ाने से लघु एवं मध्यम आय वर्ग के अभिभावक और उनके बच्चों की पढ़ाई पर विपरीत असर पड़ता है। इस विधेयक के प्रावधान बीस हजार रुपए सालाना से ज्यादा फीस लेने वाले प्राइवेट स्कूलों पर लागू है। विधेयक में इसका प्रावधान है कि जिलों में फीस तय करने और कानून का उल्लघंन करने पर विद्यालयों को दंड देने के लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में रेगुलेशन कमेटी बनेगी। जिसमें अभिभावक एसोसिएशन के प्रतिनिधि भी शामिल रहेंगे। देखा जाए तो नगर के कुछ प्राइवेट स्कूलों द्वारा बेहतर शिक्षा के नाम पर सालाना बीस हजार रुपए से भी अधिक फीस लिया जा रहा है। ऐसे निजी स्कूलों को किसी भी कानून का कोई खौफ नही है। वह अभिभावकों के जेबों पर डाका डाल रहे है। शिक्षा विभाग द्वारा ऐसे मनमानी फीस लेने वाले प्राइवेट स्कूलों के खिलाफ अभी तक कोई कार्रवाई नही किए जाने से यह अभिभावकों की जेबों पर सीधा डाका डालने में लगे हैं। लेकिन शुल्क विनिमय विधेयक-2018 के लागू हो जाने के बाद हो सकता है कि ऐसे प्राइवेट स्कूलों पर लगाम लग सके। लेकिन ऐसे निजी स्कूलों में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों के लिए भी बच्चों से रुपए मांगे जा रहे है। इस पर भी लगाम लगाने की आवश्यकता है। ताकि अभिभाव उनके मनमानी से अनावश्यक परेशान न हों। अभिभावकों ने आरोप लगाते हुए कहा बच्चों का फीस समय से ना देने पर लेट फीस भी लिया जाता है।

रेगुलेशन कमेटी की बने सोशल मीडिया ग्रुप

भदोही। प्राइवेट स्कूलों पर फीस नियंत्रण वाला विधेयक यूपी स्ववित्त पोषित स्वतंत्र विद्यालय (शुल्क विनिमय) विधेयक-2018 विधानसभा में पास होने पर कालीन नगरी के बच्चों के अभिभावकों ने स्वागत किया है। वहीं फीस तय करने तथा कानून का उल्लघंन करने वाले विद्यालयों के खिलाफ दंड के लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में रेगुलेशन कमेटी बनाए जाने के निर्णय पर हर्ष व्यक्त किया गया। अभिभावकों ने कहा कि बनने वाले रेगुलेशन कमेटी का सोशल मीडिया ग्रुप भी बने। उस ग्रुप में कमेटी में शामिल अभिभावकों को रखा जाए। ताकि प्राइवेट स्कूलों द्वारा अगर मनमानी की जाएं तो उसकी शिकायत अभिभावक उस ग्रुप में डाल सके।

बीस हजार से अधिक सालाना फीस लेने वालों पर होगी कार्रवाई: बीएसए

भदोही। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अमित कुमार सिंह ने कहा कि बीस हजार रुपए से अधिक सालाना फीस वसूलने वाले प्राइवेट स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बशर्ते इसकी शिकायत अभिभावकों द्वारा की जाए। कहा कि वैसे प्राइवेट स्कूलों के फीस पर निगरानी रखी जाएगी। ताकि वह मनमानी न कर सके।