भदोही। कभी छुट्टा पशुओं से बर्बाद होती किसानों की फसल को लेकर आंदोलन तो कभी रोजगार के मसले पर मोदी सरकार को कटघरे में खड़ा करने वाले कांग्रेस नेता और गुजरात के प्रमुख उद्यमी संदीप तिवारी ने वेस्ट रिफाइनरी आयल इण्डस्ट्रीज की बदहाली का मामला उठा कर गुजरात से लेकर पूर्वांंचल तक चर्चा में है। बड़ी बात तो यह है कि इस मसले पर पूरे देश की इण्डस्ट्रीज जहां संदीप तिवारी के साथ पूरी तरह से खड़ी नजर आ रही है तो वहीं दूसरी तरफ किसानों से लेकर नौजवानों तक में संदीप तिवारी के नाम का डंका बजा है। गुजरात के उद्यमियों का तो यहां तक कहना है कि संदीप तिवारी जादूगर उद्यमी हैं।

स्वच्छ भारत अभियान का नारा देने वाली केन्द्र की भाजपा नेतृत्व वाली मोदी सरकार स्वच्छता के मसले पर पूरी तरह से घिरती नजर आ रही है। इसका प्रमुख कारण यह है कि देश में वेस्ट रिफाइनरी आयल का कारोबार करने वाले उद्यमी सही मायने में न सिर्फ कचरे का निस्तारण रहे हैं, बल्कि सरकार के बगैर किसी पैकेज और आर्थिक सहयोग के हीं बडे पैमाने पर तमाम बेरोजगारों को रोजगार मुहैया कराने का कार्य रहे है। हालांकि लगातार सरकार की अनदेखी के चलते वेस्ट रा मैटेरियल पर आधारित यह उद्योग अब कराह रहा है। ऐसे में संदीप तिवारी ने यह मामला उठा कर तमाम उद्यमियों में उद्योग की खुशहाली की दिशा में आस जगायी है। बहरहाल, कराहते स्माल इण्डस्ट्रीज का यह मामला देश भर में चर्चा का विषय बन चुका है और उद्यमी संदीप तिवारी के इस संघर्ष की सराहना करने से नहीं चूक रहे हैं।